अच्छा सुनो
ये जो तुम चुपके चुपके मेरे वॉल पढते हो न
इश्क़ की पहली सीढ़ी है
थोड़ा सम्भल कर चढ़ना
कही गिर गए न
तो .....
तो क्या...
तो मैं भी गिर जाऊंगी...
समझे तुम...
और हां सुनो.. जब एक बार आ जाओगे न तो जाना नही छोड़ कर....
वैसे भी सब चले जाते है ......
अगर तुम गए न तो मेरी साँसे भी लेते जाना ...
समझे तुम...
ये जो तुम चुपके चुपके मेरे वॉल पढते हो न
इश्क़ की पहली सीढ़ी है
थोड़ा सम्भल कर चढ़ना
कही गिर गए न
तो .....
तो क्या...
तो मैं भी गिर जाऊंगी...
समझे तुम...
और हां सुनो.. जब एक बार आ जाओगे न तो जाना नही छोड़ कर....
वैसे भी सब चले जाते है ......
अगर तुम गए न तो मेरी साँसे भी लेते जाना ...
समझे तुम...
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